शहीद भगत सिंह के क्रांतिकारी विचार


0
Categories : MOTIVATIONAL
Spread the love

 

शहीद भगत सिंह एक आदर्श क्रांतिकारी थे| वे लेनिन से अत्यधिक प्रभावित थे| वे समाजवाद में विश्वास रखते थे| भगत सिंह सामाजिक और आर्थिक विषमताओं को सभ्यता के लिए घातक समझते थे। उनका विचार था कि ये विषमताएँ समाज में अराजकता को जन्म दे सकती हैं। भगत सिंह समाज को समाजवादी आधार पर पुनर्गठित करना चाहते थे। बहुत से लोगों का मानना है कि भगत सिंह ने अपने जीवन काल में जो लोकप्रियता हासिल की है वह पिस्तौल और बम के दम पर हासिल की है जो कि पूर्ण रूप से गलत है| भगत सिंह का मानना था कि बम और पिस्तौल  क्रांति नहीं ला सकते, क्रांति की धार विचारों की शान पर तेज होती है| हालाँकि वे इस बात से इनकार नहीं करते थे कि आवश्यकता पड़ने पर बम और पिस्तौल का इस्तेमाल किया जाना चाहिए|

 

 आइये पढ़ते हैं भगत सिंह के कुछ अनमोल विचार

 

 

 

  1. सर्वप्रथम अपने निजीपन को खत्म करें। व्यक्तिगत आराम के सपनों को छोड़ दें, फिर काम शुरू करें। इंच-इंच आगे बढ़ना होगा। इसके लिए साहस, दृढ़ता और मजबूत संकल्प चाहिए। कोई भी मुश्किल या कठिनाई आपको रास्ते से डिगाए नहीं। कोई विफलता या विश्वासघात दिल न तोड़े। पीड़ा और बलिदान से गुजरकर आपको विजय प्राप्त होगी। ये व्यक्तिगत जीतें क्रांति की बहुमूल्य संपदा बनेंगी|

 

  1. स्वतंत्रता के लिए असली संघर्ष केवल किसान-मजदूरों एवं आम जनता को लामबंद करके ही लड़ा जा सकेगा। बम से हमारा उद्देश्य पूरा नहीं हो सकता है, यह मेरी राय है।

 

  1. अखबारों का असली कर्तव्य शिक्षा देना, लोगों से संकीर्णता निकालना, सांप्रदायिक भावनाएँ हटाना है, लेकिन इन्होंने अपना मुख्य कर्तव्य अज्ञान फैलाना, संकीर्णता का प्रचार करना, सांप्रदायिक बनाना, लड़ाई-झगडे़ करवाना और भारत की साँझी राष्ट्रीयता को नष्ट करना बना लिया है|

 

  1. जो नौजवान दुनिया में कुछ तरक्की करना चाहते हैं, उन्हें वर्तमान युग में महान् तथा उच्च विचारों का अध्ययन करना चाहिए।

 

  1. मनुष्य का रक्त बहाने के लिए हमें खेद है, परंतु क्रांति की वेदी पर कभी-कभी रक्त बहाना अनिवार्य हो जाता है। हमारा उद्देश्य एक ऐसी क्रांति से है जो मनुष्य द्वारा मनुष्य के शोषण का अंत कर देगी।

 

  1. निर्माण के लिए ध्वंस आवश्यक ही नहीं, अनिवार्य है।

 

  1. देशभक्त को अक्सर सभी लोग पागल समझते हैं|

 

  1. मै एक इन्सान हूँ | मुझे हर वो बात प्रभावित करती है जो इंसानियत को प्रभावित करती हो|

 

  1. स्वतंत्रता हर इन्सान का कभी ना ख़त्म होने वाला जन्म सिद्ध अधिकार है|

 

  1. मेरे सीने में जो जख्म हैं वो जख्म नहीं फूलों के गुच्छे हैं , हमें तो पागल ही रहने दो हम पागल ही अच्छे हैं|

 

  1. अनावश्यक एवं अनुचित प्रयत्न कभी भी न्यायपूर्ण नहीं माना जा सकता।

 

  1. एक क्रांतिकारी जब कुछ बातों को अपना अधिकार मान लेता है तो वह उनकी माँग करता है, अपनी उस माँग के पक्ष में दलीलें देता है, समस्त आत्मिकशक्ति के द्वारा उन्हें प्राप्त करने की इच्छा करता है, उसकी प्राप्ति के लिए अत्यधिक कष्ट सहन करता है, इसके लिए वह बड़े से बड़ा त्याग करने के लिए प्रस्तुत रहता है और उसके समर्थन में वह अपना समस्त शारीरिक बलप्रयोग भी करता है। इसके इन प्रयत्नों को आप चाहे जिस नाम से पुकारें, परंतु आप इन्हें हिंसा के नाम से संबोधित नहीं कर सकते, क्योंकि ऐसा करना कोश में दिए गए इस शब्द के अर्थ के साथ अन्याय होगा।

 

  1. अपमान से री गुलामी की जिंदगी से तो मौत हजार दर्जा अच्छी है।

 

  1. अराजकतावाद तो एक बहुत ऊँचा आदर्श है। उस ऊँचे आदर्श तक तो हमारी साधारण जनता क्या सोचती, क्योंकि वे तो राज-परिवर्तनकारियों के आगे युगांतरकारी भी नहीं थे। वे लोग मात्र राज-परिवर्तनकारी थे।

 

  1. जनता ‘अराजकता’ शब्द से बहुत डरती है। जब कोई व्यक्ति अपनी स्वतंत्रता के लिए कहीं से उनके सभी नौकरशाह और उनके पिट्ठू ‘अनार्किस्ट-अनार्किस्ट’ कहकर दुनिया को डराते हैं।

 

  1. अहिंसा सभी जनआंदोलनों का अनिवार्य िद्धांत होना चाहिए।

 

  1. आतंकवाद आततायी के मन में भय पैदा कर, पीडि़त जनता में प्रतिशोध की भावना जागृत् कर, उसे शक्ति प्रदान करता है।

 

  1. आतंकवाद संपूर्ण क्रांति नहीं और क्रांति भी आतंकवाद के बिना पूर्ण नहीं। यह तो क्रांति का एक आवश्यक अंग है।

 

  1. भूख और दुःख से आतुर होकर मनुष्य सभी सिद्धांत ताक पर रख देता है। सच है, मरता क्या न करता!

 

  1. संघर्ष में मरना एक आदर्श मृत्यु है।

 

  1. क्रांतिकारी अपने सिद्धांतों तथा कार्यों की आलोचना से नहीं घबराते हैं, बल्कि वे आलोचना का स्वागत करते हैं, क्योंकि वे इसे इस बात का स्वर्णावसर मानते हैं कि ऐसा करने से उन्हें उन लोगों को क्रांतिकारियों के मूलभूत सिद्धांतों तथा उच्च आदर्शों को, जो उनकी प्रेरणा तथा शक्ति के अनवरत स्रोत हैं, समझाने का अवसर मिलता है।

 

  1. पिस्तौल और बम इनकलाब नहीं लाते, बल्कि इनकलाब की तलवार विचारों की सान पर तेज होती है।

 

  1. सभी दंगों का इलाज यदि कोई हो सकता है तो वह भारत की आर्थिक दशा में सुधार से ही हो सकता है, क्योंकि भारत के आम लोगों की आर्थिक दशा इतनी खराब है कि एक व्यक्ति दूसरे व्यक्ति को चवन्नी देकर किसी और को अपमानित करवा सकता॒है।

 

  1. यदि कानून उद्देश्य नहीं देखता, तो न्याय नहीं हो सकता और न ही स्थाई शांति स्थापित हो सकती है।

 

  1. कानून की पवित्रता तभी तक रखी जा सकती है, जब तक वह जनता के दिल, यानी भावनाओं को प्रकट करता है। जब यह शोषणकारी समूह के हाथों में एक पुर्जा बन जाता है, तब वह अपनी पवित्रता और महत्त्व खो बैठता है।

 

  1. क्रांति परिश्रमी विचारों और परिश्रमी कार्यकर्ताओं की पैदावार होती है।

 

  1. क्रांति के लिए खूनी लड़ाइयाँ अनिवार्य नहीं हैं और न ही उसमें व्यक्तिगत प्रति हिंसा के लिए कोई स्थान है। वह बम और पिस्तौल का पर्याय नहीं है। क्रांति से हमारा अभिप्राय है—अन्याय पर आधारित मौजूदा समाज-व्यवस्था में आमूलपरिवर्तन।

 

  1. क्रांति मानवजाति का जन्मसिद्ध अधिकार है, जिसका अपहरण नहीं किया जा सकता।

 

  1. क्रांति का मतलब मात्र उथल-पुथल या एक खूनी संघर्ष नहीं है। जब हम क्रांति की बात करते हैं तो उसमें मौजूदा हालात —(अर्थात् सरकार) को पूरी तरह ध्वंस करने के बाद समाज के व्यवस्थित पुनर्गठन के कार्यक्रम की बात निहित है।

 

  1. क्रांतिकारी अपने आदर्शों के लिए केवल मर ही नहीं सकते, बल्कि जीवित रहकर हर मुसीबत का मुकाबला भी कर सकते हैं। मृत्यु सांसारिक कठिनाइयों से मुक्ति प्राप्त करने का साधन नहीं बननी चाहिए, बल्कि जो क्रांतिकारी संयोगवश फाँसी के फंदे से बच गए हैं, उन्हें जीवित रहकर दुनिया को यह दिखा देना चाहिए कि वे न केवल अपने आदर्शों के लिए फाँसी पर चढ़ सकते हैं, बल्कि जेलों की अंधकारपूर्ण कोठरियों में घुल-घुलकर निष्कृटतम दर्जे के अत्याचारों को भी सहन कर सकते हैं।

 

  1. कुरबानियाँ कभी व्यर्थ नहीं जाया करतीं

 

  1. गरीबी का इलाज करो। ऊँचे-ऊँचे कुलों के गरीब लोग भी कोई कम गंदे नहीं रहते। गंदे काम करने का बहाना भी नहीं चल सकता, क्योंकि माताएँ बच्चों का मैला साफ करने से मेहतर तथा अछूत तो नहीं हो जातीं।

 

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *